Monday, 6 March 2017

अखिलेश यादव और राहुल गांधी रोड शो में उमड़ी भीड़


   बनारस की गलियों में अखिलेश यादव और राहुल गांधी भी रोड शो करने निकले. इसमें भी भारी भीड़ जुटी. बाद में डिंपल यादव भी रथ पर नज़र आईं. 'यूपी के लड़के' बनारस की सड़कों पर निकले ये आज़माने कि 'यूपी को ये साथ' कितना पसंद है. इस दौरान खूब झंडे भी लहराए गए और छतों से फूल बरसाए गए.
रोड शो की शुरुआत करने से पहले कुछ आगे-पीछे बनारस पहुंचे राहुल और अखिलेश ने कचहरी अंबेडकर पार्क में डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया. इसके बाद दोनों ही दलों के कार्यकर्ताओं से ठसाठस चौड़ी सड़क पर खुले वाहन में गठबंधन का चुनावी जुलूस निकला.

वरुणा पुल, नदेसर चौकाघाट, दोषीपुरा, अलईपुरा, गोलगड्डा, पीली कोठी, विश्वेश्वरगंज, मैदागिन, बुलानाला, चौक होते रोड शो का काफिला देर शाम गोदौलिया के गिरजाघर तक पहुंचा. इस दौरान लगभग आठ किलोमीटर लंबे रोड शो पर छतों से फूल बरसाए जा रहे थे। हाथों में सपा-कांग्रेस का झंडा लिए, सिर पर अपने दल की टोपी लगाए कार्यकर्ता जिंदाबाद के नारे लगा रहे थे.

वाहनों के काफिले के साथ मोटरसाइकिल सवार कार्यकर्ता आगे-आगे चल रहे थे. दोषीपुरा में मुख्यमंत्री की पत्नी सांसद डिंपल यादव भी रोड शो में शामिल हो गईं. वाहन पर उनके सवार होते ही लोगों ने फिर नारे लगाने शुरू कर दिए.

इसी बीच अचानक राहुल-अखिलेश बाबा विश्वनाथ दरबार में दर्शन पूजन भी किया.

साधु संत भी बीजेपी छोड़ अखिलेश के साथ आये

 देश भर में साधू संतो का साथ अब तक बीजेपी को ही मिलता रहा है..लेकिन अब हवा कुछ और ही चल रही है..
जी हां अब तक सपा से दूरी बना कर रखने वाले साधू संत समाज.. अब समाजवादी पार्टी की तरफ झुकता नजर आ रहा है.. जिससे भाजपा खेमे में बेचैनी बढ़ने लगी है..
आपको बता दे सीएम अखिलेश यादव के विकास कार्यों और बेदाग़ छवि से प्रभावित होकर साधू संत सपा की तरफ मुड़ रहा है..

वही रामजन्म भूमी के महंत ज्ञानदास ने कहा कि आज देश में कुछ लोग राम मंदिर के नाम से अपनी राजनीतिक रोटियां सेख रहे है...लेकिन हमें खुन से डूबा हुआ मंदिर नहीं चाहिए..प्रभू की इच्छा से ही मंदिर बनेगा..

साथ ही महंत ज्ञानदास ने कहा कि जो राम मंदिर के नाम से राजनीतिक रोटियां सेख रहे है..उन्हें साधू समाज कभी बर्दाश्त नहीं करेगा..

साधू संत समाज का अखिलेश के साथ खड़ा होना बीजेपी की आखों में खटक रहा है... बाजेपी से उन्हें हमेशा निराशा ही हाथ लगी.. जिसके कारण संत समाज को अखिलेश का साथ भा रहा है।

Thursday, 2 March 2017

डिंपल यादव बनी नंबर 1 प्रचारक

  उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनावों में अब तक कई महिला नेताओं ने प्रचार का काम किया है.
  इसमें नगमा ,हेमामालिनी, प्रियंका, उमा भारती, स्मृति ईरानी से लेकर सांसद डिंपल तक का नाम शामिल हैं.
 
लेकिन अगर हम बात करें नंबर वन महिला प्रचारक की तो यकीनन इस विधानसभा चुनावों में मुख्यमंत्री अखिलेश की पत्नी डिंपल यादव नंबर वन महिला प्रचारक बनकर उभरीं.

उन्होंने लगातार चुनावी दौरे किए। पहले चरण से लेकर अब तक वो बेहद एक्टिव हैं.

चुनाव खत्म होते-होते उनके खाते में सौ से ज्यादा सभाएं और रैलियां रहेंगी। डिंपल यादव घर में पति और बच्चों का ख्याल रखने के बाद जिस तरह से जबरदस्त तौर पर सभाएं कर रही हैं, भाषण दे रही हैं, लोगों से जुड़ रही हैं, वो वाकई काबिले तारीफ है.

बीजेपी में उत्तर प्रदेश चुनावों में महिला स्टार प्रचारक के रूप में उमा भारती,  हेमा मालिनी और स्मृति ईरानी ने मोर्चा संभाला.
 जिसमें हेमा तो पूरी तरह से फीकी रही है.

 साथ ही साथ बीजेपी नेता उमा और स्मृति की सभाओं में वो भीड़ नहीं जुट पाई जो पहले दिखती थी। तो वही महिला नेताओं के चुनावी जनसभाओं को देखा जाए तो सबसे ज्यादा भीड़ डिंपल यादव की रैली में होती हैं।

Wednesday, 1 March 2017

पूर्वांचल की जनता को अखिलेश का तोहफा

  बीजेपी हमेशा उत्तर प्रदेश के विकास में भेदभाव करने का आरोप लगाती हैं कि अखिलेश यादव ने विकास के मामले में पश्चिमी उत्तर प्रदेश को ज्यादा तवज्जो देते हैं और पूर्वांचल के इलाकों को भूल जाते हैं....

 बीजेपी के इन आरोपों को निराधार साबित करते हुए मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने 353 किलोमीटर लंबे समाजवादी पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे का शिलान्यास किया...

यह पूर्वांचल एक्सप्रेस वे लखनऊ को बाराबंकी, अमेठी, सुल्तानपुर, आजमगढ़, मऊ,गाजीपुर और बलिया होते हुए दस जिलों को जोड़ेगा.....

 इस एक्सप्रेस से 10 घण्टे में दिल्ली से बलिया का रास्ता तय किया जा सकेगा......सबसे अहम बात है कि इस एक्सप्रेस-वे के बनने से आस पास के गांव में रहने वाले लोगों और किसानो को काफी फायदा होगा.....

साथ ही साथ उत्तर प्रदेश की जीडीपी भी बढ़ेगी और पूर्वांचल में निवेश की सम्भावनाएं भी बढ़ जाएगीं.... जिससे रोजगार के अवसर भी बढ़ेगें... इस एक्सप्रेस-वे का निर्माण 30 माह में पूरा कर लिया जाएगा.....

 योजना के मुताबिक पहले यह एक्सप्रेस-वे छह लेन का बनाया जाएगा जिसके बाद में बढ़ा कर 8 लेन किए जाने की व्यवस्था होगी..... और साथ ही इसे भविष्य में आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे से भी जोड़ा जाएगा। आप को बता दें कि आगरा एक्सप्रेस-वे के बाद पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे सीएम अखिलेश का दूसरा ड्रीम प्रोजेक्ट होने के साथ पूर्वांचल की जनता के लिए एक बड़ा तोहफा भी है....