Wednesday, 28 December 2016

सीएम अखिलेश ने फिल्म-टेलीविजन एवं लिबरल आर्ट्स संस्थान का शिलान्यास किया

 यूपी के सीएम अखिलेश यादव ने मंगलवार को लोकभवन में ‘फिल्म, टेलीविजन एवं लिबरल आर्ट्स संस्थान’ का शिलान्यास किया। इस कार्यक्रम में फिल्म अभिनेत्री और सांसद जया बच्चन और अभिनेता अभिषेक बच्चन भी मौजूद रहे। यूपी में बनी 70 फिल्मों में सरकार ने 21 फिल्मों को अनुदान दिया है। ये अनुदान राषि 7 लाख से 2 करोड़ तक की है। साथ ही मुख्यमंत्री ने कहा कि यूपी में फिल्म इंड्रस्टी आने से सोच बदलेगी। चुनावों को देखते हुए सीएम ने कहा लोकभवन में ये आखिरी कार्यक्रम है। यूपी चुनाव में सपा के मुकाबले कोई पार्टी नही है। कार्यकर्ता दुबारा सरकार बनाने का संकल्प ले ।  बीजेपी पर सीएम ने निशाना साधते हुये कहा काम के बारे में कोई बात नही कर रहा,नोटबंदी पर बीजेपी के लोगाो ने उलझाया है। कार्यक्रम में अभिशेक बच्चन,जया बच्चन,रवि किषन एवं फिल्म निर्देष अनुराग कष्यप समेत कई हस्तियां मौजुद रही

इस संस्थान में फिल्म, टेलीविजन तथा अन्य कलाओं के विभिन्न प्रकार के पाठ्यक्रमों की पढ़ाई होगी। संस्थान के लिए स्थानीय अवध विहार योजना में अवध शिल्प ग्राम के निकट भूमि का आवंटन भी किया जा चुका है। जब तक नए भवन का निर्माण कार्य पूरा नहीं होता, तब तक निशातगंज स्थित एससीईआरटी के अस्थायी कैंपस से इस संस्थान का संचालन किया जाएगा।

Monday, 26 December 2016

मुख्यमंत्री ने मध्यान्ह भोजन योजना के अंतर्गत 11 जनपदों के लिए केन्द्रीयकृत किचेन का शिलान्यास किया



 मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने 11 जिलो में अक्षय पात्र योजना की शुरुआत की। 

 शिलान्यास के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा, अक्षय पात्र का किचन देखा उसके बाद ही फैसला ले लिया की ऐसा काम होना चाहिए, अक्षय पात्र का किचन प्रदेश के हर जिले में लगाया जायेगा। 

 प्रदेश की जनता जान गई है की विकास कौन कर रहा है , कोई विभाग नहीं बचा जिसमे काम न किया हो, जब सरकार की तरफ से फल वितरण हुआ तो जानकारी हुई की  पहली बार बच्चो ने फल खाया।

 आने वाले समय में बच्चो को बैठने के लिए टेबल कुर्सी का इंतजाम किया जएगा, आने वाले समय में  बिडिंग कैसे अच्छी बने।इसपर भी काम होगा।

 सरकार की जिम्मेदारी है इन्हें पढना. स्मार्ट फोन भी हम बांटने जा रहे है जिससे टेक्नोलॉजी बढ़ेगी।

जब मैं मैट्रो बनाने जा रहा था तो किसी को विश्वास नहीं हुआ जब एक्सप्रेस वे बनाने जा रहे थे तो 23 महीनो में पूरा कर दिया पूर्वांचल एक्सप्रेस वे 30 महीनो में पूरा करेंगे ।

मध्यान्ह भोजन योजना के अंतर्गत जनपद वाराणसी, आगरा, कानपुर नगर, कन्नौज, अम्बेडकरनगर, गाजियाबाद, इटावा, इलाहाबाद, रामपुर, बलिया एवं आजमगढ़ में केन्द्रीयकृत किचेन की स्थापना के शिलान्यास कार्यक्रम को सम्बोधित कर रहे थे। यह सभी किचेन अक्षयपात्र फाउण्डेशन द्वारा संचालित किए जाएंगे। अभी अक्षयपात्र फाउण्डेशन द्वारा केन्द्रीयकृत किचेन के माध्यम से जनपद लखनऊ तथा मथुरा में लगभग 02 लाख बच्चों को गरम पका-पकाया भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है। आज शिलान्यास किए गए 11 जनपदों को सम्मिलित करने के बाद इस संस्था द्वारा प्रदेश के 13 लाख बच्चों को प्रतिदिन गुणवत्ता युक्त मध्यान्ह भोजन मिलने लगेगा। राज्य सरकार द्वारा प्रत्येक जनपद में केन्द्रीयकृत किचेन निर्माण के लिए निःशुल्क भूमि उपलब्ध कराने के अतिरिक्त प्रति किचेन करीब 14 करोड़ रुपए का व्यय भार वहन किया जा रहा है।

Thursday, 22 December 2016

सीएम अखिलेश ने ‘समाजवादी पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे’ का शिलान्यास किया


 उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने गुरुवार 22 दिसम्बर को विधानसभा परिसर से ‘समाजवादी पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे’ का शिलान्यास किया। इस दौरान मुख्यमंत्री अखिलेश ने शिलान्यास कार्यक्रम का संबोधन भी किया। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने अकहा कि, उनकी सरकार ने घोषणापत्र से ज्यादा योजनाओं पर काम किया है।
सीएम अखिलेश ने कहा कि, उनकी सरकार ने चार एक्सप्रेस-वे की सौगात दी है। उन्होंने  कहा कि, समाजवादियों ने देश को सबसे बड़ा एक्सप्रेस-वे दिया है। यूपी सरकार  प्रदेश के विकास के लिए लगातार काम कर रही है। समाजवादी पूर्वांचल एक्सप्रेस बनकर तैयार होने के बाद लखनऊ से गाजीपुर की दूरी मात्र चार घंटे में तय हो जाएगी।
 वहीं दिल्ली से गाजीपुर की दूरी तय करने में दस से ग्यारह घंटे लगेंगे। इस एक्सप्रेस-वे का निर्माण 30 माह में पूरा कर लिया जाएगा। इसे भविष्य में आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे से भी जोड़ा जाएगा। समाजवादी पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे लखनऊ के चांद सराय से शुरू होगा। 

यह हैदरगढ़ बाराबंकी, फैजाबाद, सुल्तानपुर, अंबेडकरनगर, आजमगढ़, मऊ होते हुए गाजीपुर हैदरिया बलिया बाडर पर समाप्त होगा। इसकी दूरी 353 किमी है। पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे को फिलहाल छह लेन का बनाया जा रहा है, लेकिन इसे आगे चलकर 8 से 10 लेन का किया जाएगा।

Wednesday, 21 December 2016

अखिलेश सरकार ने दिया सरकारी कर्मचारियों को तोहफा

 विधानसभा चुनाव की दहलीज पर पहुंची सरकार कर्मचारियों के लिए एक के बाद एक नयी सौगातें ला रही हैं। प्रदेश में सातवें वेतन को मंजूरी के बाद अब जूनियर इंजीनियर (जेई) पद धारकों को 400 रुपये मासिक भत्ता व सार्वजनिक उपक्रमों/ निगमों में कार्यरत दंपतियों को आवास किराया भत्ता (एचआरए) देने का फैसला लिया है। अभी एक सदस्य को एचआरए मिलता था।
24 हजार जूनियर इंजीनियरों को मिलेगा लाभ
बुधवार की सुबह मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में 31 प्रस्तावों को मंजूरी मिली। इसमें जेई पद धारकों को 400 रुपये मासिक भत्ता का महत्वपूर्ण फैसला शामिल है। 24 हजार जूनियर इंजीनियरों को इसका लाभ मिलेगा। कैबिनेट ने राज्य कर्मचारियों की तरह ही स्थानीय निकायों, सार्वजनिक उपक्रमों के अधिकारियों-कर्मचारियों, विवि, राजकीय व सहायता प्राप्त शिक्षण संस्थाओं में कार्यरत पति-पत्नी शिक्षकों को मकान किराया भत्ता देने के प्रस्ताव पर भी मंजूरी की मुहर लगा दी है। इस फैसले से लाखों कर्मचारी लाभांवित होंगे। प्रमुख सचिव वित्त अनूप चन्द्र पांडेय ने बताया कि दोनों प्रस्तावों को कैबिनेट से मंजूरी मिल गई है, जल्द शासनादेश जारी किया जाएगा।1
पेंशनभोगियों के आश्रितों की शिक्षा को धन
सरकार ने समाजवादी पेंशन के 55 लाख लाभार्थियों के आश्रितों की पढ़ाई, स्वास्थ्य और स्वयं लाभार्थियों को साक्षर करने के लिए बजट में अतिरिक्त धनराशि उपलब्ध कराने को भी मंजूरी प्रदान कर दी है। इस पेंशन के लाभार्थियों के बच्चों का स्कूलों में दाखिला करना पहले ही जरूरी है।

सीएम अखिलेश यादव ने 5 घंटे में 910 योजनाओं का किया शिलान्यास और लोकार्पण

  उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने मंगलवार को ऐसा रिकॉर्ड बना दिया, जिसे शायद ही भविष्य में कोई मुख्यमंत्री तोड़ पाए। उन्होंने एक दिन में 5 घंटे के भीतर 60,000 करोड़ रुपये की लागत वाली 910 योजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण कर डाला। इसमें क्रिकेट स्टेडियम, कैंसर इंस्टिट्यूट, मल्टीप्लेक्स, लाइब्रेरी, ओलिम्पिक साइज स्विमिंग पूल, शान-ए-अवध सिग्नेचर बिल्डिंग और मंडी परिषद की बिल्डिंग सहित तमाम ऐसी योजनाएं हैं जो अभी पूरी भी नहीं हुई हैं। अखिलेश ने मंगलवार के दिन की शुरूआत अपने सरकारी आवास पर आयोजित एक समारोह में कई अस्पतालों आवासीय परियोजनाओं, हॉकी स्टेडियम, तरणताल सडकों और कई जिलों में अवस्थापना विकास आदि का लोकार्पण कर किया। केसरबाग के नवनिर्मित आधुनिक बस स्टेशन का जिक्र करते हुए अखिलेश ने कहा कि समाजवादी सरकार ने हवाई अड्डों की तर्ज पर परिवहन निगम के बस अड्डों को विकसित करने की शुरुआत कर दी है।

मुख्यमंत्री ने कहा, लोहिया ग्रामीण परिवहन सेवा, ग्रामीण क्षेत्रों और विशेष रूप से किसानों को राहत पहुंचाने के लिए चलाई जा रही है। उत्तर प्रदेश परिवहन निगम द्वारा हर साल 54 करोड़ से अधिक यात्रियों को बस यात्रा की सुविधा उपलब्ध कराई जाती है। अखिलेश ने लगभग 10 करोड़ रुपये की लागत से विकसित किए गए कैसरबाग मॉडर्न बस स्टेशन को लोकार्पित किया।

उन्होंने कहा, यह प्रदेश का पहला बस स्टेशन है, जो पूरी तरह से वातानुकूलित है। बस स्टेशन में दिव्यांगों के प्रवेश के लिए अलग से मार्ग बनाए गए हैं। यात्रियों की सुरक्षा के लिए 32 सीसीटीवी कैमरे, आधुनिक रेस्त्रां, शौचालय, आधुनिक वेटिंग रूम आदि की व्यवस्था की गई है। साथ ही, बस स्टेशन की बिजली व्यवस्था को सुदृढ़ एवं आत्मनिर्भर बनाने के लिए 40 किलोवॉट बिजली उत्पादन क्षमता का सोलर पावर प्लांट भी लगाया गया है।

अखिलेश ने कहा, ग्रामीण यात्रियों को शिक्षा, कारोबार एवं रोजगार के अवसरों से जोड़ने के लिए, तहसील, जनपद एवं मंडलीय मुख्यालयों से ग्रामीण अंचलों को जोड़ते हुए यह सेवा संचालित की जा रही है। इस परिवहन सेवा का किराया साधारण किराए से 25 फीसदी कम रखा गया है। इस परिवहन सेवा के तहत बड़ी संख्या में बसों का संचालन किया जा रहा है। इनकी बढ़ती मांग को देखते हुए सरकार ने लोहिया ग्रामीण बसों की खरीद के लिए इस साल 100 करोड़ रुपये की व्यवस्था की है।